मध्यप्रदेश में मेधावी विद्यार्थियों को अब नहीं मिलेंगे लैपटॉप के लिए ₹25,000? जानें पूरी सच्चाई
भोपाल, मध्यप्रदेश: अगर आपने भी सुना है कि मध्यप्रदेश सरकार ने मेधावी छात्रों को मिलने वाली ₹25,000 की लैपटॉप राशि बंद कर दी है, तो रुकिए! यह खबर जितनी तेजी से फैली है, उतनी ही भ्रमित करने वाली भी है।
असल सच्चाई क्या है? क्या सच में पैसा नहीं मिलेगा या सिर्फ नियम बदले गए हैं? इस रिपोर्ट में हम आपको पूरी जानकारी सरल भाषा में देंगे।
साथियों पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया और शिक्षा जगत में एक खबर तेजी से वायरल हो रही है कि मध्यप्रदेश सरकार ने मेधावी छात्रों को लैपटॉप के लिए मिलने वाली ₹25,000 की राशि बंद कर दी है। इस खबर ने छात्रों और अभिभावकों के बीच चिंता पैदा कर दी है।लेकिन क्या यह सच है? आइए जानते हैं पूरी सच्चाई और योजना में हुए बदलाव।
1. योजना का इतिहास और उद्देश्य
'प्रतिभाशाली विद्यार्थी प्रोत्साहन योजना' की शुरुआत पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के कार्यकाल में हुई थी। इसका उद्देश्य 12वीं में अच्छे अंक लाने वाले छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करना था।
इस योजना के तहत ₹25,000 की राशि सीधे छात्रों के बैंक खाते में DBT (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से भेजी जाती थी, जिससे वे अपनी जरूरत के अनुसार लैपटॉप खरीद सकें।
2. क्या ₹25,000 की राशि बंद हो गई है?
नहीं। सोशल मीडिया पर चल रही खबरें भ्रामक हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के अनुसार यह योजना अभी भी जारी है।
हालांकि, योजना के क्रियान्वयन और पात्रता में कुछ बदलाव किए गए हैं, जिसके कारण भ्रम की स्थिति बनी है।
नोट: अब सरकार इस बात पर ज्यादा जोर दे रही है कि राशि का उपयोग केवल लैपटॉप खरीदने के लिए ही हो। इसके लिए सरकार छात्रों को राशि न देकर सीधे डिवाइस देने का विचार कर रही है
3. योजना में हुए 3 बड़े बदलाव
क) प्रतिशत में बदलाव
पहले सामान्य और OBC वर्ग के लिए 75% अंक जरूरी थे। अब इसे बढ़ाकर 80% करने पर विचार किया जा रहा है, हालांकि अभी 75% ही लागू है।
ख) बिल जमा करना अनिवार्य
अब छात्रों को लैपटॉप खरीदने के बाद उसका Invoice (बिल) जमा करना पड़ सकता है।
ग) स्कूटी योजना के साथ समन्वय
टॉपर्स को स्कूटी भी दी जा रही है। ऐसे में कुछ मामलों में दोनों योजनाओं को लेकर नए दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
4. कैश vs टैबलेट: क्या बदलेगा सिस्टम?
उत्तरप्रदेश की तरह सीधे टैबलेट देने का सुझाव दिया गया था, लेकिन मध्यप्रदेश सरकार ने अभी कैश (DBT) मॉडल को ही जारी रखा है।
इसका फायदा यह है कि छात्र अपनी जरूरत के अनुसार लैपटॉप चुन सकते हैं।
5. पात्रता की शर्तें (Eligibility 2026)
- मध्यप्रदेश का स्थायी निवासी होना जरूरी
- MP Board (MPBSE) से 12वीं पास
- न्यूनतम 75% अंक
- परिवार की आय 6 लाख रुपये से कम
6. राशि कब मिलेगी?
रिजल्ट के बाद जून-जुलाई में मेधावी विद्यार्थी सम्मान समारोह आयोजित होगा, जिसमें मुख्यमंत्री द्वारा राशि ट्रांसफर की जाएगी।
जरूरी दस्तावेज:
- 12वीं की मार्कशीट
- आधार कार्ड (बैंक लिंक)
- मूल निवासी प्रमाण पत्र
- आय प्रमाण पत्र
- बैंक पासबुक और समग्र आईडी
निष्कर्ष
लैपटॉप योजना बंद नहीं हुई है, बल्कि इसे और पारदर्शी बनाने के लिए कुछ बदलाव किए गए हैं। छात्रों को अफवाहों से बचकर केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करना चाहिए।